चिंतन - अन्तःकरण की यात्रा -अध्याय–6 : बुद्धि क्या है?- भाग–1 : भूमिका — जो केवल सोचती नहीं, निर्णय भी करती है
अब हम अध्याय–6 : बुद्धि क्या है? प्रारम्भ करते हैं। सामान्यतः मन और बुद्धि को एक ही समझ लिया जाता है, जबकि भारतीय दर्शन में दोनों के कार्य स्पष्ट रूप से भिन्न हैं। अंग्रेज़ी का "Intelligence" भारतीय "बुद्धि" का पूर्ण अनुवाद नहीं है। भारतीय परम्परा में बुद्धि केवल IQ या चतुराई नहीं है। यह विवेक (Discernment), निर्णय (Judgement), सत्य-असत्य का भेद (Discrimination), और जीवन-दिशा का चयन करने की शक्ति भी है। यही इस अध्याय की मूल धुरी होगी। चिंतन - मनुष्य से आत्मबोध तक की दार्शनिक यात्रा- भाग–II : अन्तःकरण की यात्रा - अध्याय–6 : बुद्धि क्या है?- भाग–1 : भूमिका — जो केवल सोचती नहीं, निर्णय भी करती है "मन अनेक मार्ग दिखाता है; बुद्धि उनमें से एक का चयन करती है।" क्या मन और बुद्धि एक ही हैं? हम प्रायः कहते हैं— "मेरा मन नहीं मान रहा।" और कभी कहते हैं— "मेरी बुद्धि कहती है कि यही उचित है।" इन दोनों वाक्यों में एक सूक्ष्म अंतर छिपा है। मन चाहता है, बुद्धि विचार करती है। मन आकर्षित होता है, बुद्धि परीक्षण करती है। मन अनेक संभावनाएँ प्रस्तुत...