इक बार तुझसे मुलाकात हो जाये

इक बार तुझसे मुलाकात हो जाये
फिर तूफ़ान आये बरसात हो जाए
ज़िंदगी से कोई और ख्वाहिश नहीं
तुझसे, सिर्फ इकबार बात हो जाए

मुकेश इलाहाबादी ------------------

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