टूटी चप्पल में भागता हुआ विजेता
1.
कहाँ गया वो लड़का
जिसकी चप्पल हमेशा
एड़ी से छूट जाती थी
पर
वो फिर भी
सबसे आगे दौड़ता था?
2.
एक हाथ से
चप्पल संभालता,
दूसरे से
संतुलन
और
पैर
फिर भी
हार मानने को तैयार नहीं।
3.
लोग हँसते थे—
“अरे, पहले चप्पल ठीक कर!”
पर
उसे जल्दी थी
जीतने की नहीं,
रुकने से बचने की।
4.
उसकी दौड़
सीधी नहीं थी
थोड़ी टेढ़ी,
थोड़ी डगमग
पर
हर ठोकर के बाद
वो और तेज़ हो जाता था।
5.
एक बार
चप्पल पूरी तरह टूट गई
और वो
नंगे पैर ही दौड़ पड़ा
शायद
यही असली आज़ादी थी।
6.
धूल उड़ती थी
उसके पीछे
जैसे
कोई कह रहा हो
“देखो,
यह लड़का
हालात से तेज़ है!”
7.
न कोई ट्रॉफी,
न कोई तालियाँ
बस
अपनी साँसों की आवाज़
और
धड़कनों का शोर
यही
उसकी जीत थी।
8.
अब
वो लड़का
शायद बड़ा हो गया है
जूते सही हैं,
कदम संभले हुए
पर
वो बेपरवाह दौड़
कहीं छूट गई।
9.
ज़िन्दगी में
सब कुछ ठीक हो जाए
तो
दौड़
धीमी पड़ जाती है
टूटी चप्पल
शायद
हिम्मत देती थी।
10.
ऐसे भी विजेता हैं
जो हारने से डरते हैं
और
ऐसे भी
जो टूटकर भी
दौड़ते रहते हैं।
11.
मेरे दोस्त!
अगर कभी
सब कुछ सही लगे
तो
थोड़ा-सा
टूट जाना
ताकि
तुम्हें याद रहे
विजेता
हमेशा
सही हालत में नहीं होते।
मुकेश ,,,,,
No comments:
Post a Comment