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Sunday, 14 September 2014

तुम्हारे आने से मौसम खुशगवार हो गया

तुम्हारे आने से मौसम खुशगवार हो गया
काम - काज का दिन भी इतवार हो गया
कहा था तुमने मंगल के हाट में आओगी
दिन गिन रहा हूँ कि आज गुरुवार हो गया
मुकेश हिज़्र में तुम्हारे दिन रात नहीं कटते
शुक्र को मिले थे हम आज सोमवार हो गया

मुकेश इलाहाबादी ------------------------------
 

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