साथ सितारों के संग खिला करते थे

 

साथ सितारों के संग खिला करते थे
कभी हम भी चाँद हुआ करते थे
अब तुमसे क्या बताऊँ दोस्त कभी
हम भी उनके अपने हुआ करते थे
मुकेश इलाहाबादी --------------------

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