हर इक लफ्ज़ के साथ खुशबू रख दिया

हर इक लफ्ज़ के साथ खुशबू रख दिया
तेरे नाम का ख़त चन्दन से लिख दिया

तीरगी तेरे आखों की हमसे देखी न गयी
जला के दिल अपना तेरे दर पे रख दिया

मुकेश इलाहाबादी ------------------------

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