ख़ूबसूरती हो खुशबू हो और ताज़गी भी हो

तस्वीर कुछ कहती है -----------------------

ख़ूबसूरती हो खुशबू हो और ताज़गी भी हो
फूल से अलफ़ाज़ मिलें तो ख़त तुझे लिखूं

मुकेश इलाहाबादी ---------------------------

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